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पाली जिला कलक्टर अंशदीप की अध्यक्षता में सोमवार को जिला कलक्टर सभागार में प्रबोधन समिति एवं एनजीटी के निर्देशों की पालना के संबंध में साप्ताहिक समीक्षा बैठक हुई।




पाली :- पाली जिला कलक्टर अंशदीप की अध्यक्षता में सोमवार को जिला कलक्टर सभागार में प्रबोधन समिति एवं एनजीटी के निर्देशों की पालना के संबंध में साप्ताहिक समीक्षा सम्पन्न हुई। बैठक में जिला कलक्टर ने संयुक्त उच्छिष्ठ उपचार संयंत्रो के सदस्य इकाईयों में स्थापित प्राथमिक उपचार संयंत्र की एसवीपी एवं प्रदूषण नियंत्रण मंडल द्वारा नियंत्रित जांच की समीक्षा की जाए। निरीक्षण के दौरान औद्योगिक इकाईयों में उपचारित उच्छिष्ठ के नमूने एकत्र कर सही मानक पर पानी उपचारित नहीं करने पर जुर्माना लगाया जाए। पीएच जांच के बाद भी सीईटीपी में भेजने की कार्यवाही हो। सीईटीपी से संबंधित इकाईयों में स्काडा मीटर को अपडेट कर रोस्टर प्लान में अनुमत उच्छिष्ठ की मात्रा के अनुरूप ओटोकट सिस्टम लगाया जाना आवश्यक है। वर्तमान में 569 इकाईयां में से 505 संचालित इकाईयों में स्काडा मीटर संचालित है बाकी इकाईयों में स्काडा ओटोकट की व्यवस्था करने के साथ ही बंद पड़ी इकाईयों से निर्धारित चार्ज राशि वसूल की जाए।



उन्होंने सीईटीपी परिसर में भंडारित खतरनाक अपशिष्ठ के नियमित निस्तारण की प्रगति पर चर्चा करते हुए कहा कि बकाया स्लज का निस्तारण समय पर हो वर्षा के पानी के साथ बहकर स्लज किसी भी सूरत में बांडी नदी में नहीं जाए। नया स्लज का डिस्पोजल भी निर्धारित समयावधि में कर रिपोर्ट प्रस्तुत करें। प्रदूषण नियंत्रण मंडल के अधिकारी मौके पर जाकर भंडारित स्लज का निरीक्षण कर रिपोर्ट प्रस्तुत करें। उन्होंने कहा कि सीईटीपी के संयंत्र संख्या 6 पर शुन्य निस्त्राव संयंत्र की स्थापना की प्रगति की जानकारी लेकर हा कि कार्य योजना पर समयबद्ध चार्ज तैयार कर सभी विभागों को उपलब्ध कराने के साथ ही एक्शन प्लान के तहत किए जा रहे कार्यो की साप्ताहिक रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए। संबंधित अधिकारी जेडएलडी में कार्य योजना के तहत होने वाले कार्यो का समय-समय पर निरीक्षण करें। उन्होंने कहा कि संयंत्र संचालक एजेन्सी द्वारा पाली में लागू राज्य सरकार से अनुमोदित रोस्टर प्लान में वर्णित सदस्य इकाईयों में से उच्छिष्ठ निस्त्राव की मात्रा में बदलाव के संबंध में प्रबोधन समिति से अनुमोदन लेना जरूरी है। इसमें राष्ट्रीय हरित प्राधिकरण द्वारा जारी निर्देशों की अनिवार्य रूप से पालना की जाए। रोस्टर प्लान के अनुसार के एल डी के अनुसार निस्त्राव की मात्रा तय की जाए। पाली में औद्योगिक क्षेत्रों में संचालित हाॅटएयर स्टेन्टर इकाईयो को केएलडी आवंटन के संबंध में चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि 38 हाॅटएयर सेंटर इकाईयो को राज्य मंडल ने नारंगी श्रेणी में वर्गीकृत कर शुन्य निस्त्राव की शर्त के साथ संचालन सहमति प्रदान की गई है। प्रदूषण नियंत्रण मंडल एवं इण्डस्ट्रीज रेड केटेगरी में जाने में सहमत हो तो उनसे चर्चा की जाए। बैठक में संयुक्त उचिष्ठ उपचार संयंत्रों की सदस्य इकाईयों द्वारा एसटीपी से उपचारित मलजल के उपयोग कर भूजल दोहन को रोकने, सीईटीपी को राज्य प्रदूषण नियंत्रण मंडल द्वारा जारी सम्मति एवं प्राधिकार पत्रो को ट्रस्ट के स्थान पर संयंत्र संचालन एजेंसी के नाम हस्तांतरित करवाने पाली के औद्योगिक क्षेत्रों में स्थापित टेबल प्रिन्टिंग इकाईयों को प्लांट एवं मशीनरी को बदलने, उच्चीकरण के लिए अतिरिक्त केएलडी आवंटन, रीको औद्योगिक क्षेत्र प्रथम व द्वितीय से औद्योगिक इकाईयो के उच्छिष्ट टेंकरों के माध्यम से परिवहन किए जाने के संबंध में विस्तार से चर्चा की गई। एनजीटी के निर्देशो की साप्ताहिक समीक्षा बैठक में जिला कलक्टर ने भूमिगत जल स्त्रोतों के पानी की रिपोर्ट प्रस्तुत करने के साथ ही केन्द्रीय भूजल विभाग के अधिकारी को बैठक में उपस्थित होने के लिए पत्र जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि वर्षा के समय सड़कों पर रंगीन पानी छोडने वाले उद्यमों के विरूद्ध सख्त कार्यवाही की जाए। एसडीएम एवं प्रदूषण नियंत्रण मंडल के क्षेत्रीय अधिकारी घटना की सूचना प्राप्त होते ही मौका निरीक्षण कर कार्यवाही करें। प्राथमिक स्तर पर निर्धारित मानक पर प्रदूषित पानी उपचारित करने, स्लज के निस्तारण, सीईटीपी प्लांट की प्रक्रिया, स्काड़ा, फ्लोमीटर, कार्बन आदि व्यवस्था की निरंतर निगरानी कर रिपोर्ट प्रस्तुत करें। उन्होंने सीईटीपी के पदाधिकारियों को निर्धारित मानक पर पानी उपचारित करने के साथ ही इनलेट व आउटलेट पर स्लज का निस्तारण, एसटीपी से उपचारित पानी का उठाव केएलडी निलम्बित करने, ऑनलाईन एनलांइजर की व्यवस्था, प्लांट संख्या 6 का एक्शन प्लान, आरओ, स्काडा ऑटोमाईजेशन आदि के संबंध में जानकारी लेकर कार्यवाही करने के निर्देश दिए। नगर परिषद को एसटीपी प्लांट निर्धारित पैरामीटर पर पानी उपचारित कर उद्योगों को सप्लाई करने के निर्देश दिए। बैठक में उपखंड अधिकारी उत्सव कौशल, प्रदूषण नियंत्रण मंडल के क्षेत्रीय अधिकारी आर.के.बोडा, नगर परिषद के अधिशाषी अभियंता रामेश्वलाल शर्मा, जलदाय विभाग के अधीक्षण अभियंता राजेन्द्र पुरोहित, जिला महाप्रबंधक उद्योग एस.आर.अली, कृषि विभाग के प्रभात रंजन, रिको के पी.के.गुप्ता, जिला परिवहन अधिकारी राजेन्द्र दवे, जल संसाधन के रामनारायण, सीईटीपी के अध्यक्ष अनिल गुलेच्छा सहित संबंधित विभाग के अधिकारी मौजूद रहे।