जयपुर : राजस्थान में बड़ा कोरोना विस्फोट हुआ है. इस साल कोरोना के बढ़ते मामलों ने रिकॉर्ड तोड़ दिया है. आज राज्य में 853 नए संक्रमित कोरोना केस दर्ज किए गए हैं इनमें से भी सबसे ज्यादा 140 मामले जयपुर में दर्ज किए गए हैं जबकि जोधपुर में 124, कोटा में 89, उदयपुर में 79 और अजमेर में 58 नए कोरोना संक्रमित दर्ज किए गए हैं. आज आए 853 कोरोना मरीज़ों को मिलाकर अबतक राजस्थान में कोविड एक्टिव केस 5 हजार 733 के पार पहुंच गए हैं. इन सबके बीच राज्य में आज 3 कोरोना संक्रमितों की मौत दर्ज की गई है. राजधानी में कोरोना के बढ़ते मामलों पर लगाम कसने के लिए ज़िलाधिकारी ने आज तमाम पार्षदों के साथ मीटिंग की. उन्होंने टीकारण की रफ्तार तेज़ करने के लिए पार्षदों को मोटिवेट किया. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री, मंत्री, विधायक सहित प्रशासनिक अधिकारी भी खुद कोविड का वैक्सीन लगवा चुके हैं. वैक्सीनेशन के बाद कोविड से ग्रसित होने पर भी कोई घातक प्रभाव नहीं होता क्योंकि शरीर में प्रतिरोधक क्षमता पैदा हो जाती है. उन्होंने इस सम्बन्ध में पार्षदों की जिज्ञासाओं का समाधान किया.
ज़िलाधिकारी ने की विशेष अपील
ज़िलाधिकारी ने सभी पार्षदों से अपील की है कि मार्च महीने में 60 वर्ष से अधिक उम्र एवं 45 से 59 वर्ष उम्र के गंभीर बीमारियों से ग्रस्त व्यक्तियों के और 1 अप्रैल के बाद 45 वर्ष से अधिक उम्र के व्यक्तियों के कोविड वैक्सीनेशन के लिए प्रेरित करने में सहयोग करें. उन्होंने कहा कि जिस वार्ड में सबसे अधिक टीकाकरण होगा उसे पुरस्कृत किया जाएगा. स्थानीय स्तर पर गहरे जन जुड़ाव के कारण पार्षद कोविड वैक्सीनेशन के लिए पात्र व्यक्तियों की समझाइश और वैक्सीनेशन प्रतिशत में बढ़ोत्तरी के लिए अहम कड़ी हैं. इस काम में सम्बन्धित क्षेत्र के बीएलओ को पार्षदों के सहयोग के लिए निर्देश दे दिए गए हैं. अगर किसी वार्ड में 200 से अधिक लोग एक साथ वैक्सीनेशन के लिए आगे आते हैं तो वहां विशेष कैम्प लगा कर वैक्सीनेशन किया जाएगा.

